सुनहरी कलम से
हिन्दी गीत /नवगीत /ग़ज़ल
शुक्रवार, 22 नवंबर 2024
एक ग़ज़ल -आगाज़ नए साल का भगवान नया हो
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चित्र साभार गूगल एक ग़ज़ल -आगाज़ नए साल का भगवान नया हो मौसम की कहानी नई उनवान नया हो आगाज़ नए साल का भगवान नया हो फूलों पे तितलियाँ हों ब...
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बुधवार, 20 नवंबर 2024
एक ग़ज़ल -सियासत भी इलाहाबाद में संगम नहाती है
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चित्र -साभार गूगल एक ग़ज़ल- सियासत भी इलाहाबाद में संगम नहाती है गले में क्रॉस पहने है मगर चन्दन लगाती है सियासत भी इलाहाबाद में संगम नहाती ...
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शनिवार, 16 नवंबर 2024
हिंदी ग़ज़ल का अक्षर पथ -एक आलोचनात्मक किताब
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डॉ नित्यानंद श्रीवास्तव हिंदी ग़ज़ल पर आलोचना की महत्वपूर्ण किताब हिंदी का अक्षर पथ - लेखक डॉ नित्यानंद श्रीवास्तव अभी अभी डाक से हिंदी ग़...
मंगलवार, 12 नवंबर 2024
एक ग़ज़ल -हर खिड़की में धूप -चाँदनी
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चित्र साभार गूगल एक ग़ज़ल -हर खिड़की में धूप -चाँदनी शाम को दादी किस्से कई सुनाती है बच्चों को भी सोनपरी ही भाती है अपनी -अपनी नज़रों से स...
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सोमवार, 11 नवंबर 2024
एक ग़ज़ल -चिड़िया कभी गाती नहीं
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चित्र साभार गूगल चित्र साभार गूगल एक ग़ज़ल -बाज़ से डरती अगर चिड़िया सीखने संगीत विद्यालय कभी जाती नहीं बाज़ से डरती अगर चिड़िया कभी गाती नह...
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शनिवार, 9 नवंबर 2024
ग़ज़ल -होंठ को सिलते -सिलते
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चित्र साभार गूगल एक ग़ज़ल -चाँदनी, धूपमें, बारिश में चाँदनी, धूप में, बारिश में यूँ खिलते -खिलते शाख से फूल बिछड़ जायेंगे मिलते -मिलते सि...
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शुक्रवार, 8 नवंबर 2024
ग़ज़ल -तुम्हें मन की नज़र से देखते हैं
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चित्र साभार गूगल ये मत पूछो किधर से देखते हैं तुम्हें मन की नज़र से देखते हैं ये मौसम देखकर खुश हैं परिंदे फले फूले शज़र से देखते हैं स...
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गुरुवार, 7 नवंबर 2024
ग़ज़ल -खुशबू तमाम रंग की हिंदी ग़ज़ल में है
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चित्र साभार गूगल उर्दू ग़ज़ल की शान है महफ़िल महल में है मिट्टी का लोक रंग तो हिंदी ग़ज़ल में है नदियों के साथ झील भी, दरिया भी,कूप भी लेकिन...
रविवार, 27 अक्टूबर 2024
दो ग़ज़लें -जयकृष्ण राय तुषार
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चित्र साभार गूगल मौसम के साथ धूप के नखरे भी कम न थे यादें किसी की साथ थीं तन्हा भी हम न थे बज़रे पे पानियों का नज़ारा हसीन था महफ़िल में ...
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रविवार, 20 अक्टूबर 2024
गीत /ग़ज़ल -करवा चौथ
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चित्र साभार गूगल करवा चौथ की सुमंगल कामनाओं के साथ पुरानी रचनाएँ एक आज करवा चौथ का दिन है आज करवा चौथ का दिन है आज हम तुमको संवारेंगे। ...
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